
8 अप्रैल 2027 का पंचांग – उज्जैन
8 अप्रैल 2027, उज्जैन: तिथि द्वितीया (शुक्ल पक्ष), नक्षत्र अश्विनी। सूर्योदय सुबह 6:17, सूर्यास्त शाम 6:42, राहु काल दोपहर 2:03 से दोपहर 3:36 तक।
अगले 7 दिनों के त्योहार
- चैत्र नवरात्रि द्वितीया, 8 मार्च
- चैत्र नवरात्रि तृतीया, 9 मार्च
- गणगौर, 9 मार्च
- मत्स्य जयंती, 9 मार्च
- चैत्र नवरात्रि चतुर्थी, 10 मार्च
- कूष्मांडा पूजा, 10 मार्च
- चैत्र नवरात्रि पंचमी, 11 मार्च
- लक्ष्मी पंचमी, 11 मार्च
- स्कंदमाता पूजा, 11 मार्च
- चैत्र नवरात्रि षष्ठी, 12 मार्च
- यमुना जयंती, 12 मार्च
- चैत्र नवरात्रि सप्तमी, 13 मार्च
- कालरात्रि पूजा, 13 मार्च
- अशोक अष्टमी, 14 मार्च
- बैसाखी, 14 मार्च
- चैत्र नवरात्रि अष्टमी, 14 मार्च
- पणा संक्रांति, 14 मार्च
- पुथांडु, 14 मार्च
- तारा जयंती, 14 मार्च
तिथि
द्वितीया
तृतीया
सूर्य और चंद्रमा के उदय-अस्त का समय
सूर्योदय
सुबह 6:17
सूर्यास्त
शाम 6:42
चंद्रोदय
सुबह 6:59
चंद्रास्त
रात 8:12
पक्ष, मास, नक्षत्र और राशि
शुक्ल पक्ष, चैत्रमास
विक्रम संवत 2084
अश्विनीनक्षत्र
भरणीनक्षत्र
मेषचंद्र राशि
अयन, ऋतु और वार
अयन
उत्तरायण
ऋतु
वसंत
वार
गुरुवार
योग
विष्कंभ
प्रीति
करण
बालव
कौलव
तैतिल
मुहूर्त
इन कार्यों के लिए शुभ दिन
स्वास्थ्य संबंधी कार्य
नौकरी और करियर
वीजा आवेदन या साक्षात्कार
आभूषणों की खरीद-बिक्री
यात्रा
अन्नप्राशन
शिक्षा संबंधी कार्य
नामकरण संस्कार
चूड़ाकर्म या उपनयन
शिशु को पालने में सुलाना
कानूनी कार्य और समझौते
ऋण लेना
ऋण चुकाना
पशुधन और पालतू पशु
कृषि और बागवानी
कला और नया हुनर सीखना
शुभ मुहूर्त और अशुभ समय
अमृत काल
सुबह 10:54 से दोपहर 12:28 तक
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:05 से दोपहर 12:54 तक
यमगंड काल
सुबह 6:17 से सुबह 7:50 तक
गुलिक काल
सुबह 9:23 से सुबह 10:57 तक
राहु काल
दोपहर 2:03 से दोपहर 3:36 तक
त्योहार और व्रत
अपनी राशि का राशिफल देखें
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
पंचांग का अर्थ है पांच अंग: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। इन पांचों से पता चलता है कि दिन का कौन सा समय शुभ कार्य के लिए अच्छा है और किस समय से बचना चाहिए।



