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2 अक्टूबर 2025 का पंचांग – उज्जैन

कैलेंडर2 अक्टूबर 2025
स्थानउज्जैन

2 अक्टूबर 2025, उज्जैन: तिथि दशमी (शुक्ल पक्ष), नक्षत्र उत्तराषाढ़ा। सूर्योदय सुबह 6:23, सूर्यास्त शाम 6:10, राहु काल दोपहर 1:45 से दोपहर 3:13 तक।

तिथि

दशमी

2 अक्टूबर को शाम 7:11 तक

एकादशी

3 अक्टूबर को शाम 6:33 तक

सूर्य और चंद्रमा के उदय-अस्त का समय

सूर्योदय

सूर्योदयसुबह 6:23

सूर्यास्त

सूर्यास्तशाम 6:10

चंद्रोदय

चंद्रोदयदोपहर 2:54

चंद्रास्त

चंद्रास्तरात 2:14

पक्ष, मास, नक्षत्र और राशि

पक्ष और मास

शुक्ल पक्ष, आश्विनमास

विक्रम संवत 2082

नक्षत्र

उत्तराषाढ़ानक्षत्र

2 अक्टूबर को सुबह 9:11 तक
नक्षत्र

श्रवणनक्षत्र

3 अक्टूबर को सुबह 9:32 तक
मकर राशि

मकरचंद्र राशि

अयन, ऋतु और वार

अयन

दक्षिणायन

ऋतु

शरद

वार

गुरुवार

योग

सुकर्मा

2 अक्टूबर को रात 11:24 तक

धृति

3 अक्टूबर को रात 9:41 तक

करण

तैतिल

2 अक्टूबर को सुबह 7:12 तक

गरज

2 अक्टूबर को शाम 7:11 तक

वणिज

3 अक्टूबर को सुबह 6:58 तक
इस दिन की प्रार्थना

मुहूर्त

इन कार्यों के लिए शुभ दिन

वाहन की खरीद-बिक्री

वाहन की खरीद-बिक्री

विवाह संबंधी कार्य

विवाह संबंधी कार्य

गृह प्रवेश

गृह प्रवेश

स्वास्थ्य संबंधी कार्य

स्वास्थ्य संबंधी कार्य

नौकरी और करियर

नौकरी और करियर

निर्माण कार्य आरंभ करना

निर्माण कार्य आरंभ करना

वीजा आवेदन या साक्षात्कार

वीजा आवेदन या साक्षात्कार

आभूषणों की खरीद-बिक्री

आभूषणों की खरीद-बिक्री

यात्रा

यात्रा

गोद भराई

गोद भराई

अन्नप्राशन

अन्नप्राशन

नींव रखना

नींव रखना

शिक्षा संबंधी कार्य

शिक्षा संबंधी कार्य

नामकरण संस्कार

नामकरण संस्कार

चूड़ाकर्म या उपनयन

चूड़ाकर्म या उपनयन

व्यापार संबंधी कार्य

व्यापार संबंधी कार्य

मुंडन संस्कार

मुंडन संस्कार

कानूनी कार्य और समझौते

कानूनी कार्य और समझौते

ऋण लेना

ऋण लेना

ऋण चुकाना

ऋण चुकाना

बोरवेल की खुदाई

बोरवेल की खुदाई

कर्णवेध

कर्णवेध

शुभ मुहूर्त और अशुभ समय

शुभ मुहूर्त

अभिजीत मुहूर्त

सुबह 11:53 से दोपहर 12:40 तक

शुभ मुहूर्त

अमृत काल

रात 10:59 से रात 12:36 तक

अशुभ समय

यमगंड काल

सुबह 6:23 से सुबह 7:52 तक

अशुभ समय

गुलिक काल

सुबह 9:20 से सुबह 10:48 तक

अशुभ समय

राहु काल

दोपहर 1:45 से दोपहर 3:13 तक

अपनी राशि का राशिफल देखें

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

पंचांग का अर्थ है पांच अंग: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। इन पांचों से पता चलता है कि दिन का कौन सा समय शुभ कार्य के लिए अच्छा है और किस समय से बचना चाहिए।

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