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22 फ़रवरी 2027 का पंचांग – उज्जैन

कैलेंडर22 फ़रवरी 2027
स्थानउज्जैन

22 फ़रवरी 2027, उज्जैन: तिथि द्वितीया (कृष्ण पक्ष), नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनी। सूर्योदय सुबह 6:59, सूर्यास्त शाम 6:23, राहु काल सुबह 8:25 से सुबह 9:50 तक।

अगले 7 दिनों के त्योहार

तिथि

द्वितीया

22 फ़रवरी को रात 11:39 तक

तृतीया

23 फ़रवरी को रात 9:49 तक

सूर्य और चंद्रमा के उदय-अस्त का समय

सूर्योदय

सूर्योदयसुबह 6:59

सूर्यास्त

सूर्यास्तशाम 6:23

चंद्रोदय

चंद्रोदयरात 8:00

चंद्रास्त

चंद्रास्तसुबह 7:46

पक्ष, मास, नक्षत्र और राशि

पक्ष और मास

कृष्ण पक्ष, फाल्गुनमास

अमांत: माघ

विक्रम संवत 2083

नक्षत्र

पूर्वा फाल्गुनीनक्षत्र

22 फ़रवरी को सुबह 11:53 तक
नक्षत्र

उत्तरा फाल्गुनीनक्षत्र

23 फ़रवरी को सुबह 10:27 तक
सिंह राशि

सिंहचंद्र राशि

22 फ़रवरी को शाम 5:29 तक
कन्या राशि

कन्याचंद्र राशि

शाम 5:29 से

अयन, ऋतु और वार

अयन

उत्तरायण

ऋतु

वसंत

वार

सोमवार

योग

सुकर्मा

22 फ़रवरी को सुबह 7:59 तक

धृति

23 फ़रवरी को सुबह 4:57 तक

शूल

24 फ़रवरी को रात 2:24 तक

करण

तैतिल

22 फ़रवरी को दोपहर 12:47 तक

गरज

22 फ़रवरी को रात 11:39 तक

वणिज

23 फ़रवरी को सुबह 10:39 तक
इस दिन की प्रार्थना

मुहूर्त

इन कार्यों के लिए शुभ दिन

विवाह संबंधी कार्य

विवाह संबंधी कार्य

गृह प्रवेश

गृह प्रवेश

नौकरी और करियर

नौकरी और करियर

निर्माण कार्य आरंभ करना

निर्माण कार्य आरंभ करना

वीजा आवेदन या साक्षात्कार

वीजा आवेदन या साक्षात्कार

आभूषणों की खरीद-बिक्री

आभूषणों की खरीद-बिक्री

यात्रा

यात्रा

अन्नप्राशन

अन्नप्राशन

नींव रखना

नींव रखना

नामकरण संस्कार

नामकरण संस्कार

चूड़ाकर्म या उपनयन

चूड़ाकर्म या उपनयन

व्यापार संबंधी कार्य

व्यापार संबंधी कार्य

कानूनी कार्य और समझौते

कानूनी कार्य और समझौते

बोरवेल की खुदाई

बोरवेल की खुदाई

पशुधन और पालतू पशु

पशुधन और पालतू पशु

कृषि और बागवानी

कृषि और बागवानी

कला और नया हुनर सीखना

कला और नया हुनर सीखना

शुभ मुहूर्त और अशुभ समय

शुभ मुहूर्त

अभिजीत मुहूर्त

दोपहर 12:18 से दोपहर 1:04 तक

शुभ मुहूर्त

अमृत काल

रात 3:41 से सुबह 5:11 तक

अशुभ समय

राहु काल

सुबह 8:25 से सुबह 9:50 तक

अशुभ समय

यमगंड काल

सुबह 11:16 से दोपहर 12:41 तक

अशुभ समय

गुलिक काल

दोपहर 2:07 से दोपहर 3:32 तक

त्योहार और व्रत

अपनी राशि का राशिफल देखें

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

पंचांग का अर्थ है पांच अंग: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। इन पांचों से पता चलता है कि दिन का कौन सा समय शुभ कार्य के लिए अच्छा है और किस समय से बचना चाहिए।

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