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3 सितंबर 2027 का पंचांग – उज्जैन

कैलेंडर3 सितंबर 2027
स्थानउज्जैन

3 सितंबर 2027, उज्जैन: तिथि तृतीया (शुक्ल पक्ष), नक्षत्र हस्त। सूर्योदय सुबह 6:14, सूर्यास्त शाम 6:40, राहु काल सुबह 10:54 से दोपहर 12:27 तक।

अगले 7 दिनों के त्योहार

तिथि

तृतीया

3 सितंबर को दोपहर 2:19 तक

चतुर्थी

4 सितंबर को दोपहर 12:26 तक

सूर्य और चंद्रमा के उदय-अस्त का समय

सूर्योदय

सूर्योदयसुबह 6:14

सूर्यास्त

सूर्यास्तशाम 6:40

चंद्रोदय

चंद्रोदयसुबह 8:37

चंद्रास्त

चंद्रास्तरात 8:39

पक्ष, मास, नक्षत्र और राशि

पक्ष और मास

शुक्ल पक्ष, भाद्रपदमास

विक्रम संवत 2084

नक्षत्र

हस्तनक्षत्र

3 सितंबर को दोपहर 3:51 तक
नक्षत्र

चित्रानक्षत्र

4 सितंबर को दोपहर 2:47 तक
कन्या राशि

कन्याचंद्र राशि

4 सितंबर को रात 3:14 तक
तुला राशि

तुलाचंद्र राशि

रात 3:14 से

अयन, ऋतु और वार

अयन

दक्षिणायन

ऋतु

शरद

वार

शुक्रवार

योग

शुभ

3 सितंबर को सुबह 10:52 तक

शुक्ल

4 सितंबर को सुबह 8:10 तक

करण

गरज

3 सितंबर को दोपहर 2:19 तक

वणिज

4 सितंबर को रात 1:17 तक

विष्टि

4 सितंबर को दोपहर 12:26 तक
इस दिन की प्रार्थना

मुहूर्त

इन कार्यों के लिए शुभ दिन

वाहन की खरीद-बिक्री

वाहन की खरीद-बिक्री

स्वास्थ्य संबंधी कार्य

स्वास्थ्य संबंधी कार्य

नौकरी और करियर

नौकरी और करियर

वीजा आवेदन या साक्षात्कार

वीजा आवेदन या साक्षात्कार

आभूषणों की खरीद-बिक्री

आभूषणों की खरीद-बिक्री

यात्रा

यात्रा

अन्नप्राशन

अन्नप्राशन

शिक्षा संबंधी कार्य

शिक्षा संबंधी कार्य

नामकरण संस्कार

नामकरण संस्कार

व्यापार संबंधी कार्य

व्यापार संबंधी कार्य

शिशु को पालने में सुलाना

शिशु को पालने में सुलाना

कानूनी कार्य और समझौते

कानूनी कार्य और समझौते

ऋण लेना

ऋण लेना

बोरवेल की खुदाई

बोरवेल की खुदाई

पशुधन और पालतू पशु

पशुधन और पालतू पशु

कृषि और बागवानी

कृषि और बागवानी

कला और नया हुनर सीखना

कला और नया हुनर सीखना

शुभ मुहूर्त और अशुभ समय

शुभ मुहूर्त

अमृत काल

सुबह 10:17 से सुबह 11:46 तक

शुभ मुहूर्त

अभिजीत मुहूर्त

दोपहर 12:02 से दोपहर 12:52 तक

अशुभ समय

गुलिक काल

सुबह 7:47 से सुबह 9:20 तक

अशुभ समय

राहु काल

सुबह 10:54 से दोपहर 12:27 तक

अशुभ समय

यमगंड काल

दोपहर 3:33 से शाम 5:07 तक

अपनी राशि का राशिफल देखें

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

पंचांग का अर्थ है पांच अंग: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। इन पांचों से पता चलता है कि दिन का कौन सा समय शुभ कार्य के लिए अच्छा है और किस समय से बचना चाहिए।

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